Bhopal Fraud Case: भूमाफिया और बिल्डर सुनील मूलचंदानी पर एफआईआर

Share

Bhopal Fraud Case: डीएचएफएल बैंक मालिक से मिलीभगत करके डकारे करोड़ों रुपए

Bhopal Fraud Case
The Display

भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल (Bhopal Fraud Case) के भूमाफिया सुनील मूलचंदानी के खिलाफ जालसाजी का केस दर्ज किया गया है। यह घटना एक दशक पहले की है। बिल्डर और भूमाफिया ने यह फर्जीवाड़ा डीएचएफएल बैंक (DHFL Bank Fraud News) के मालिकों से मिलीभगत करके अंजाम दिया है। इस केस में बैंक मालिकों को भी आरोपी बनाया गया है। भूमाफिया के खिलाफ शहर के कई थानों में पहले से मुकदमे दर्ज है। यह फर्जीवाड़ा करीब 100 करोड़ रुपए का है।

कौन है भूमाफिया

एफआईआर मिसरोद थाना पुलिस ने रविवार 03 जनवरी की शाम 19 बजे दर्ज की है। इस मामले में धारा 420/467/468/471/406/120बी/34 (जालसाजी, दस्तावेजों की कूटरचना, जालसाजी के लिए जाली दस्तावेजों का इस्तेमाल, गबन, साजिश रचना और एक से अधिक आरोपी) का मुकदमा दर्ज किया गया है। इस मामले में पुलिस ने बिल्डर सुनील मूलचंदानी, उसके पिता गोपीचंद मूलचंदानी (Gopichand Moolchandani), डीएचएफएल दीवान हाउसिंग फायनेंस लिमिटेड के संचालक कपिल वाधवान (Kapil Vadhwan), धीरज वाधवान (Dheeraj Vadhwan) और अन्य आरोपी बनाए गए हैं। सुनील मूलचंदानी ने शहर में चिनार फॉरच्यून (Chinar Fortune Builder News) नाम से कई प्रोजेक्ट बनाए भी है। सुनील मूलचंदानी का एमपी नगर जोन—2 में प्लॉट था। वह प्लॉट भी कुर्क हो गया था। उसके खिलाफ शहर के कोलार, मिसरोद समेत कई अन्य थानों में चेक बाउंस के मुकदमे पहले भी दर्ज हुए हैं।

यह भी पढ़ें: कोरोना के बाद लॉक डाउन का भोपाल के इस व्यक्ति पर पड़ा असर, लेकिन फायदा कोई दूसरा ले गया

यह भी पढ़ें:   Bhopal Cop Transfer: क्राइम ब्रांच को फोकस करने तबादले

ऐसे किया गया था फर्जीवाड़ा

Bhopal Fraud Case
यह है प्रोजेक्ट जिसमें फर्जीवाड़ा हुआ

मिसरोद पुलिस ने बताया कि इस घोटाले की शिकायत रमेश कुमार भावनानी (Ramesh Kumar Bhavnani), शीतल देवी, पिनन चावला, रोशन चावला, और दर्शन चावला (Darshan Chavala) समेत अन्य व्यक्तियों ने की थी। शिकायत जुलाई, 2009 को 23 एकड़ जमीन के एक एग्रीमेंट को लेकर हुई थी। इस जमीन पर चिनार ड्रीम सिटी प्रोजेक्ट (Chinar Dream City Project) लॉच होना था। इसके लिए बिल्डर सुनील मूलचंदानी ने डीएचएफएल (DHLF) में जमीन को गिरवी रख दिया था।

बैंक ने यह दिखाई चालाकी

बैंक को लोन किस्त में जारी करना थी। लेकिन, ऐसा नहीं किया गया। सुनील मूलचंदानी ने कम निर्माण करके लोन की रकम करीब 100 करोड़ रुपये अपने खाते में जमा करा ली। इसके बाद प्रोजेक्ट भी बंद कर दिया गया। लोन की रकम दूसरे प्रोजेक्ट में डाल दी गई। बैंक ने लोन को लेकर तीन एनओसी जारी की थी। जबकि जमीन मालिकों की बिना अनुमति आरोपी सुनील मुलचंदानी ने 15 फर्जी एनओसी बनाकर रजिस्ट्री भी कराई।

खबर के लिए ऐसे जुड़े

हमारी कोशिश है कि शोध परक खबरों की संख्या बढ़ाई जाए। इसके लिए कई विषयों पर कार्य जारी है। हम आपसे अपील करते हैं कि हमारी मुहिम को आवाज देने के लिए आपका साथ जरुरी है। हमारे www.thecrimeinfo.com के फेसबुक पेज और यू ट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें। आप हमारे व्हाट्स एप्प न्यूज सेक्शन से जुड़ना चाहते हैं या फिर कोई घटना या समाचार की जानकारी देना चाहते हैं तो मोबाइल नंबर 9425005378 पर संपर्क कर सकते हैं।

Don`t copy text!