Bhopal News: जेएमएफसी के फैसले को यथावत रखने के चलते गिरफ्तारी से बचने अस्पताल में हो गया था भर्ती,पुलिस ने फरार न हो जाए तो पहरा लगा दिया, अस्पताल ने दे दी छुट्टी

भोपाल। राजधानी में लगभग दो दशक पूर्व उजागर हुए आबकारी विभाग में शराब ठेके के फर्जीवाड़े में दोषी करार दिए गए रिटायर्ड उपायुक्त की सारी चालाकियां धरी रह गईं। उन्हें भोपाल (Bhopal News ) शहर की शाहपुरा थाना पुलिस ने गिरफ्तार करने के बाद जिला न्यायालय में पेश किया। वहां से अदालत ने जेल भेजने के आदेश जारी कर दिए। इससे पहले उन्होंने फैसले के खिलाफ ऊंची अदालतों में परिवाद दाखिल करके बचने का प्रयास किया था। लेकिन, भोपाल जेएमएफसी के फैसले को सभी न्यायालयों ने यथावत रखा।
गिरफ्तारी से बचने भोपाल एम्स में हुआ भर्ती
शाहपुरा (Shahpura) थाना पुलिस के अनुसार यह घोटाला 2003 में हुआ था। जिसमें आरोपी विनोद रघुवंशी (Vinod Raghuvanshi) बनाए गए थे। वे शाहपुरा थाना क्षेत्र स्थित पारस सिटी (Paras City) में रहते हैं। भोपाल कोर्ट (Bhopal Court) ने आबकारी विभाग (Excise Department) के रिटायर्ड उपायुक्त विनोद रघुवंशी और रिटायर्ड क्लर्क ओपी शर्मा (OP Sharma) को आरोपी बनाया था। आरोपियों ने एक फर्म को फायदा पहुंचाने सरकारी विभाग के दस्तावेज में छेड़छाड़ की थी। जिस कारण ठेका लेने वाली कई अन्य कंपनियों की बजाय चहेती फर्म को शराब का ठेका मिल गया था। इसी मामले में विनोद रघुवंशी और ओपी शर्मा को दोषी करार देते हुए 2023 में सजा सुनाई थी। जिसके खिलाफ विनोद रघुवंशी भोपाल में ही न्यायालय में अपील की थी। जिसके खिलाफ वे 07 जुलाई, 2025 को उनके खिलाफ ही फैसला आया था। उन्हें चार साल और क्लर्क को तीन साल की सजा जुर्माने के साथ दी गई थी। हाईकोर्ट ने भी उनकी अपील खारिज कर दी थी। इसलिए उन पर गिरफ्तारी की तलवार लटक गई थी। वे गिरफ्तारी से बचने भोपाल एम्स (Bhopal AIIMS) में भर्ती हो गए। यह पता चलने पर पुलिस ने डॉक्टरों से संपर्क किया। हालांकि निगरानी के लिए सादी वर्दी में अस्पताल में ही पुलिस तैनात कर दी गई। यह देखते हुए एम्स अस्पताल प्रबंधन ने उन्हेें जैसे ही 19 सितंबर को छुट्टी दी तो पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
खबर के लिए ऐसे जुड़े

हमारी कोशिश है कि शोध परक खबरों की संख्या बढ़ाई जाए। इसके लिए कई विषयों पर कार्य जारी है। हम आपसे अपील करते हैं कि हमारी मुहिम को आवाज देने के लिए आपका साथ जरुरी है। हमारे www.thecrimeinfo.com के फेसबुक पेज और यू ट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें। आप हमारे व्हाट्स एप्प न्यूज सेक्शन से जुड़ना चाहते हैं या फिर कोई घटना या समाचार की जानकारी देना चाहते हैं तो मोबाइल नंबर 7898656291 पर संपर्क कर सकते हैं।