Video : मोस्ट वांटेड विकास दुबे महाकाल मंदिर से गिरफ्तार, गृह मंत्री का बयान

Share

Vikas Dubey Arrest : विकास दुबे ने चिल्ला-चिल्लाकर बताया अपना नाम, गृह मंत्री बोले अलर्ट पर थी पुलिस

Vikash Dubey Arrest
सिक्योरिटी गार्ड के साथ विकास

उज्जैन। कानपुर (Kanpur) में 8 पुलिसकर्मियों को मौत के घाट उतारने वाले मोस्टवांटेड आरोपी विकास दुबे (Vikas Dubey Arrest) को उज्जैन (Ujjain) से गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिसकर्मियों के खून से होली खेलने वाला विकास दुबे उज्जैन के महाकाल मंदिर (Mahakal Mandir) में दर्शन करने आया था। सुबह करीब 9 बजे विकास दुबे को गिरफ्तार किया गया। उसके दो साथी बिट्टु और सुरेश को भी गिरफ्तार किया गया। बताया जा रहा है कि विकास दुबे ने चिल्ला-चिल्लाकर अपना नाम बताया था। इससे पहले महाकाल मंदिर के गार्ड ने उसे पहचान लिया था। जब पुलिस उसे पकड़ने पहुंची तो उसने चिल्लाना शुरु कर दिया। विकास की गिरफ्तारी पर गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा का बयान भी सामने आ गया है। उन्होंने इसे इंटेलिजेंस की कामयाबी बताया है।

होटल में रुका था विकास

देखें गिरफ्तारी का वीडियो

विकास दुबे की गिरफ्तारी की सूचना उत्तर प्रदेश सरकार को दे दी गई है। बताया जा रहा है कि यूपी एसटीएफ की टीम उज्जैन के लिए रवाना हो गई है। ट्रांजिट रिमांड पर अब विकास को कानपुर ले जाया जाएगा। जानकारी के मुताबिक विकास दुबे उज्जैन में एक होटल में रुका था। उसके साथ दो साथियों को भी गिरफ्तार किया गया है। जिस होटल में मोस्ट वांटेड आरोपी रुके थे, उसकी भी जांच की जा रही है। विकास दुबे को पहले महाकाल थाने में रखा गया। जिसके बाद उसे एसपी ऑफिस भेज दिया गया है।

यह भी पढ़ें:   MP By Election: जोबट में भतीजे के कारण निशाने पर आए कांग्रेस प्रत्याशी

उज्जैन पुलिस को बधाई

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने उज्जैन पुलिस को बधाई दी है। वहीं गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि- मोस्टवांटेड विकास दुबे के साथ हमने उसके दो साथियों बिट्टू और सुरेश को भी उज्जैन में गिरफ्तार किया है। हमने उत्तर प्रदेश पुलिस को सूचना दे दी है। हमने पुलिस को अलर्ट कर रखा था, मध्यप्रदेश पुलिस के जांबाज चौकस थे, जैसे ही उन्हें संदेह हुआ, उसे दबोच लिया गया। विकास दुबे की गिरफ्तारी मध्यप्रदेश पुलिस की बड़ी कामयाबी है, हमने वारदात के बाद से ही पुलिस को अलर्ट कर रखा था।

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि जिनको लगता है कि महाकाल की शरण में जाने से उनके पाप धूल जाएंगे उन्होंने महाकाल को जाना ही नहीं। हमारी सरकार किसी भी अपराधी को बख़्शने वाली नहीं है

अखिलेश यादव ने उठाया सवाल

‘ख़बर आ रही है कि ‘कानपुर-काण्ड’ का मुख्य अपराधी पुलिस की हिरासत में है। अगर ये सच है तो सरकार साफ़ करे कि ये आत्मसमर्पण है या गिरफ़्तारी। साथ ही उसके मोबाइल की CDR सार्वजनिक करे जिससे सच्ची मिलीभगत का भंडाफोड़ हो सके’

 

Don`t copy text!